
रायपुर। नक्सल-विरोधी अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए नक्सली संगठन के महासचिव और पोलित ब्यूरो सदस्य थिप्परी तिरुपति (देवजी) तथा सीसीएम संग्राम ने तेलंगाना पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। इसे सुरक्षा बलों की रणनीतिक कार्रवाई और सरकार की सख्त नीति का महत्वपूर्ण परिणाम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह नक्सल-विरोधी अभियान की ऐतिहासिक सफलता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व में नक्सलमुक्त भारत का जो संकल्प लिया गया है, वह निश्चित रूप से पूरा होगा।
मुख्यमंत्री ने सुरक्षा बलों के साहस और समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों से नक्सलवाद की जड़ें कमजोर हो रही हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में और भी नक्सली मुख्यधारा से जुड़ेंगे तथा क्षेत्र में शांति और विकास का मार्ग प्रशस्त होगा।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि जो भी नक्सली हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण करेंगे, उन्हें शासन की पुनर्वास नीति का लाभ दिया जाएगा। वहीं, हिंसा और अशांति फैलाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।