Home छत्तीसगढ़ शिकायत मिलते ही जिला प्रशासन ने दिखाई तत्परता, गातापार जंगल स्कूल में तत्काल शिक्षकों की व्यवस्था

शिकायत मिलते ही जिला प्रशासन ने दिखाई तत्परता, गातापार जंगल स्कूल में तत्काल शिक्षकों की व्यवस्था

File Photo : विद्यार्थियों की पढ़ाई को प्राथमिकता देते हुए चार शिक्षकों को अध्यापन की जिम्मेदारी, शैक्षणिक व्यवस्था होगी और सुदृढ़’

by admin

रायपुर। खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के गातापार जंगल स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में शिक्षकों की कमी की शिकायत पर जिला प्रशासन ने तत्काल संज्ञान लेते हुए शैक्षणिक व्यवस्था को मजबूत किया है। विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो और विद्यालय में कक्षाओं का नियमित संचालन सुनिश्चित हो, इसके लिए चार शिक्षकों की व्यवस्था की गई है।

विद्यालय में अध्यापन कार्य के लिए श्रीमती हरिता वर्मा, श्री विश्वेश्वर जंघेल, श्री भूपेन्द्र सिंह ठाकुर एवं श्रीमती कुम्भलता नेताम की व्यवस्था की गई है। इनमें श्रीमती हरिता वर्मा, श्री विश्वेश्वर जंघेल एवं श्री भूपेन्द्र सिंह ठाकुर को शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला गातापार जंगल से आगामी आदेश तक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में अध्यापन कार्य के लिए निर्देशित किया गया है।

वहीं, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गातापार जंगल में कार्यरत व्याख्याता श्रीमती कुम्भलता नेताम (रसायन शास्त्र) को पदुमलाल पुन्नालाल बक्शी शासकीय अंग्रेजी/हिन्दी माध्यम विद्यालय खैरागढ़ में अध्यापन कार्य के लिए जारी पूर्व आदेश को निरस्त कर दिया गया है। उन्हें उनकी मूल संस्था शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गातापार जंगल में ही अध्यापन कार्य कराने के लिए आदेशित किया गया है। इस तरह विद्यालय में चार शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित हुई है।

चारों शिक्षकों की व्यवस्था से विद्यालय में विषयवार अध्यापन कार्य को मजबूती मिलेगी। निर्धारित कालखंड के अनुसार शिक्षक कक्षाओं में उपस्थित होकर अध्यापन कार्य करेंगे। इससे विद्यार्थियों को नियमित कक्षाएं मिलेंगी और शिक्षकों की कमी के कारण पढ़ाई में आ रही बाधा को दूर करने में मदद मिलेगी। साथ ही पाठ्यक्रम को समय पर पूरा कराने और विद्यार्थियों की पढ़ाई में निरंतरता बनाए रखने में भी सुविधा होगी।

जारी आदेश के अनुसार विद्यालय के प्राचार्य को कक्षाओं एवं शिक्षकों की उपस्थिति का समय निर्धारित करने तथा विषयवार अध्यापन व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। शाला संचालन की आवश्यकता के अनुसार समय में आंशिक संशोधन की अनुमति भी दी गई है। साथ ही व्यवस्था के पालन की रिपोर्ट जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। श्रीमती कुम्भलता नेताम को मूल संस्था में अध्यापन के लिए जारी आदेश तत्काल प्रभावशील होगा।

गातापार जंगल स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में चार शिक्षकों की उपलब्धता से अब विद्यार्थियों को नियमित रूप से कक्षाएं मिल सकेंगी। विषयवार अध्यापन की व्यवस्था होने से पढ़ाई में आ रही बाधा दूर होगी और विद्यार्थियों के पाठ्यक्रम को समय पर पूरा कराने में मदद मिलेगी। प्रशासन की इस त्वरित कार्रवाई से विद्यार्थियों की शिक्षा को प्राथमिकता देने के साथ विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था को और बेहतर एवं व्यवस्थित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

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